कोविड-19 से बचने के लिए  किया ब्लिचिंग पाउडर के मिश्रण का छिडकाव

भू गरिमा टाइम्स ब्यूरो


शामली ।  कोरोना वायरस(कोविड-19)से प्रभावित मरीजों के उपचार इनके संक्रमण के प्रसार के रोकथाम आदि हेतु शासन से जनपद के लिए नामित नोडल अधिकारी प्रेम रंजन सिंह विशेष सचिव सिंचाई विभाग द्वारा अपने स्थलीय निरीक्षण के दौरान सर्वप्रथम ग्राम पंचायत- डेरा सोहजनी उमरपुर, थानाभवन, जनपद-शामली (पूर्वांचल से आए हुए व्यक्ति जो ग्राम में रह रहे हैं) के संबंध में गांव वालों से जानकारी प्राप्त की जिसमे बताया गया कि लगभग 80 वर्ष पूर्व हमारे पूर्वजों द्वारा यहाँ पर नहर निर्माण का कार्य किया जा रहा था,तब वे लोग यहाँ बस गए थे। जनपद में लगभग 45 डेरे हैं।सभी लोग प्रतापगढ़ से हैं। ग्राम प्रधान द्वारा बताया गया कि पूरे गांव में लगभग 5700 लोग रहते हैं, जिसमें से लगभग 400 लोग ये ही हैं, ये सारे लोग मजदूरी का ही कार्य करते हैं। उनके द्वारा यह भी बताया गया कि टैंकर द्वारा पूरे गाँव में किया जा रहा है तथा गठित निगरानी समिति भी बाहर से आए लोगों के स्वास्थ्य खांसी, बुखार आदि पर नजर रखे हुए है। इस दौरान नोडल ऑफिसर द्वारा निर्देशित किया गया कि जिन लोगों का जॉब कार्ड नहीं बना हुआ है या जो लोग जॉब कार्ड बनवाना चाहते हैं, वे लोग ग्राम प्रधान या सचिव को इसकी सूचना दें तथा जॉब कार्ड बनवाना सुनिश्चित करें। इसके अलावा उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि गाँव की किसी भी नाली में पानी जमाव की स्थित न होने पाए। इस दौरान नोडल ऑफिसर ने जनपद के स्वयं सहायता समूहों द्वारा बनाए गए कपड़े के मास्कों का वितरण किया गया। साफ-सफाई की व्यवस्था अच्छी है।निरीक्षण के अगले क्रम में नोडल अधिकारी द्वारा पूजा महिला ग्राम संगठन, ग्राम पंचायत- मनटी हसनपुर, थानाभवन, जनपद-शामली द्वारा बनाए जा रहे मास्कों के संबंध में स्थानीय समूह की महिलाओं से वार्ता के क्रम में बताया गया कि प्रतिदिन लगभग 2000 मास्क बन जाते हैं। प्रति मास्क हमें रु. 5.50 मिलते हैं। समूह में 14 महिलाएँ हैं।मास्क बनाने के लिए खादी ग्राम उद्योग द्वारा खादी कपड़ा मुहैया कराया जा रहा है। उन्होंने बताया कि यहां पर सुरक्षा की दृष्टि से साफ-सफाई की सेनेटाजर आधे की व्यवस्था रखे हुए हैं।समूह की महिलाओं द्वारा द्वारा मास्क, ग्लब्स तथा कैप आदि का प्रयोग किया जा रहा है तथा सोशल डिस्टेंसिंग का पालन भी किया जा रहा है।